उत्तर प्रदेश के कांग्रेस प्रदेश महासचिव सचिन चौधरी मुश्किल में फंस गए हैं। उन पर देशद्रोह का मुकदमा चलने वाला है। यह मामला 2020 के कोरोना काल का है, जब लॉकडाउन के दौरान उन्होंने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ अपशब्द कहे थे। इस मामले में उनके खिलाफ अमरोहा नगर कोतवाली में FIR दर्ज की गई थी। अब इस मामले में 20 अगस्त को कोर्ट में सुनवाई होने वाली है।
2020 में जब पूरा देश कोरोना महामारी और लॉकडाउन से जूझ रहा था, तब सचिन चौधरी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी। इस दौरान उन्होंने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार पर कोरोना काल में अव्यवस्थाओं का आरोप लगाया। बात यहीं नहीं रुकी, उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की और उन्हें “जहरीला” तक कह डाला। लॉकडाउन के नियम तोड़कर बिना अनुमति प्रेस कॉन्फ्रेंस करने और सीएम के खिलाफ अपशब्द कहने के चलते अमरोहा नगर कोतवाली के तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक रविंद्र सिंह ने उनके खिलाफ FIR दर्ज की थी।
हालांकि, सचिन चौधरी ने बाद में इस मामले में जमानत ले ली थी, लेकिन मामला इतना गंभीर था कि पुलिस ने इसे मुख्यमंत्री से जुड़ा मानते हुए देशद्रोह के तहत कार्रवाई के लिए राज्यपाल को रिपोर्ट भेज दी। अब इस मामले में 20 अगस्त को कोर्ट में सुनवाई होगी, जिसके बाद सचिन चौधरी की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। यह मामला न केवल राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ है, बल्कि आम लोगों के बीच भी इसे लेकर खूब बात हो रही है।
